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रायपुर। छत्तीसगढ़ में सरकार बदलने के बाद पुलिस एक्शन मोड में दिखाई दे रही है। इसी कड़ी में बुधवार को पुलिस 250 स्थाई वारंटियों को पकड़कर सिविल लाइन थाने लेकर आई और अधिकारियों ने उनकी क्लास लगाई गई। इनमें शहर के गुंडा, बदमाश, और वारंटी शामिल थे। इससे पहले भी पुलिस ने निगरानीसुदा बदमाशों को थाने में बुलाकर समझाइश दी थी। वहीं बिलासपुर के नए एसपी रजनेश सिंह ने चार्ज लेते ही गुंडा, बदमाशों के खिलाफ अभियान छेड़ दिया है। उनके निर्देश पर लगातार 3 दिनों से सभी थाना क्षेत्रों के गुंडा और निगरानी बदमाश तथा विगत 1 वर्ष में जेल से रिहा हुए संपत्ति संबंधी अपराधों (चोरी, लूट, डकैती आदि) में संलिप्त आरोपियों की चेकिंग हेतु अभियान चलाया जा रहा है। साथ ही समंस, गिरफ्तारी वारंट और स्थायी वारंट की चेकिंग हेतु भी अभियान चलाया जा रहा है।
अपराधियों को ढूंढकर की गयी चेकिंग :-
पुलिस चेकिंग के दौरान अपने थाना क्षेत्र में निवासरत गुंडा एवं निगरानी बदमाश, पिछले 1 वर्ष में जेल से रिहा हुए संपत्ति संबंधी अपराधों में संलिप्त अपराधियों को शाम 6 बजे से सुबह 5 बजे के मध्य उनके निवास स्थान पर जाकर भौतिक रूप से चेक किया गया तथा कुछ को थाने बुला कर चेक किया गया। इसमें आरोपियों के वर्तमान में प्रयुक्त मोबाइल नम्बर, उनके आजीविका के साधन, उनके निवास आदि में हुए परिवर्तन सहित अन्य जानकारियां एकत्र की गयी।
पुलिस ने दी समझाइश :-
इनमे गुंडा और निगरानी बदमाशों के आजीविका के वर्तमान साधनों के बारे में जानकारी ली गयी। वहीं इन्हें आपराधिक गतिविधियों से दूर रहने हेतु कड़ी चेतावनी दी गयी। अपने निवास स्थान पर अनुपस्थित पाए गए व्यक्तियों की पतासाजी कर उनकी भी जांच की गई है। इसके साथ ही समंस, गिरफ्तारी वारंट तथा स्थायी वारंट की तामीली हेतु भी विशेष अभियान चलाया गया।
12 अफसरों समेत 200 पुलिसकर्मी रहे शामिल :-
इस विशेष अभियान में 12 राजपत्रित अधिकारी, सभी थानाप्रभारी तथा लगभग 200 पुलिसकर्मी शामिल रहे। यह अभियान अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) राजेंद्र जायसवाल, नगर पुलिस अधीक्षक (सिटी कोतवाली) पूजा कुमार (भापुसे), नगर पुलिस अधीक्षक (सिविल लाइन) उमेश कुमार गुप्ता, उप पुलिस अधीक्षक (मुख्यालय) उदयन बेहार, उप पुलिस अधीक्षक (रक्षित केंद्र) मंजुलता केरकेट्टा, नगर पुलिस अधीक्षक (चकरभाठा) कृष्ण कुमार पटेल, अनुविभागीय अधिकारी पुलिस (कोटा) सिद्धार्थ बघेल तथा प्रशिक्षु आईपीएस अजय कुमार के पर्यवेक्षण में चलाया गया।